
1. युवराज सिंह – छह छक्के और रिकॉर्डतोड़ अर्धशतक (2007)
2007 के पहले ICC T20 वर्ल्ड कप में युवराज सिंह ने इंग्लैंड के खिलाफ इतिहास रच दिया। उन्होंने स्टुअर्ट ब्रॉड के एक ओवर में लगातार छह छक्के लगाकर T20 क्रिकेट में यह कारनामा करने वाले पहले खिलाड़ी बन गए।
युवराज ने सिर्फ 12 गेंदों में अर्धशतक पूरा किया, जो तब T20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट का सबसे तेज 50 रन का रिकॉर्ड था। उनकी इस तूफानी पारी ने भारत को मजबूत स्कोर तक पहुँचाया और टीम आगे चलकर पाकिस्तान को हराकर चैंपियन बनी।
2. शाहिद अफरीदी – सेमीफाइनल में ऑलराउंड जलवा (2009)
2009 के T20 वर्ल्ड कप के सेमीफाइनल में पाकिस्तान के लिए शाहिद अफरीदी ने ऑलराउंड प्रदर्शन का जलवा बिखेरा। दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ उन्होंने पहले बल्लेबाजी करते हुए 34 गेंदों में 51 रन बनाए और टीम को सम्मानजनक स्कोर तक पहुँचाया।
इसके बाद गेंदबाजी में भी अफरीदी ने कमाल किया और हर्शेल गिब्स और एबी डीविलियर्स जैसे महत्वपूर्ण विकेट लिए, गेंद से 2-16 के शानदार आंकड़े हासिल किए। उनके इस दमदार प्रदर्शन ने पाकिस्तान को फाइनल में पहुँचाया और टीम को खिताब जीतने की राह पर रखा।
3. माइकल हसी – मुश्किल लक्ष्य का यादगार पीछा (2010)
2010 के T20 वर्ल्ड कप के सेमीफाइनल में ऑस्ट्रेलिया को पाकिस्तान के खिलाफ 87 रन 45 गेंदों में बनाने थे। ऐसे मुश्किल हालात में नंबर सात पर बल्लेबाजी करने आए माइकल हसी ने अपनी आक्रामक बल्लेबाजी से टीम को संभाला।
उन्होंने सिर्फ 24 गेंदों में नाबाद 60 रन बनाए और आखिरी ओवर में तीन छक्के और एक चौका लगाकर ऑस्ट्रेलिया को जीत दिलाई। हसी की यह पारी T20 क्रिकेट के इतिहास में सबसे यादगार और दबाव में खेली गई पारी के रूप में जानी जाती है।
4. सुनील नरेन – फाइनल में गेंद से कमाल (2012)
5. कार्लोस ब्रैथवेट – ‘रिमेंबर द नेम’ वाला पल (2016)
2016 के T20 वर्ल्ड कप फाइनल में वेस्टइंडीज को इंग्लैंड के खिलाफ आखिरी ओवर में 19 रन चाहिए थे और मैच लगभग हाथ से निकलता दिख रहा था। तभी कार्लोस ब्रैथवेट ने बेन स्टोक्स की पहली चार गेंदों पर लगातार चार छक्के जड़ दिए।
कुछ ही पलों में मैच का पासा पलट गया और वेस्टइंडीज चैंपियन बन गया। इस ऐतिहासिक पल को कमेंटेटर इयान बिशप की “रिमेंबर द नेम” वाली आवाज ने हमेशा के लिए अमर कर दिया। ब्रैथवेट की यह पारी T20 क्रिकेट इतिहास के सबसे यादगार पलों में गिनी जाती है।
6. मिचेल मार्श – ऑस्ट्रेलिया की ऐतिहासिक जीत (2021)
2021 के T20 वर्ल्ड कप फाइनल में मिचेल मार्श ने ऑस्ट्रेलिया के लिए मैच जिताऊ पारी खेली। न्यूजीलैंड के खिलाफ 173 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए ऑस्ट्रेलिया की शुरुआत ठीक रही, लेकिन असली फर्क मार्श की आक्रामक बल्लेबाजी ने पैदा किया। उन्होंने डेविड वॉर्नर के साथ मिलकर पारी को संभाला और जरूरत के मुताबिक तेजी भी बनाए रखी।
मार्श ने नाबाद 77 रन की शानदार पारी खेली और ऑस्ट्रेलिया को आठ विकेट से जीत दिलाई। इस जीत के साथ ऑस्ट्रेलिया ने पहली बार T20 वर्ल्ड कप का खिताब अपने नाम किया और मार्श को उनके शानदार प्रदर्शन के लिए प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया।
7. बेन स्टोक्स – दबाव में मैच जिताऊ पारी (2022)
2022 के T20 वर्ल्ड कप फाइनल में इंग्लैंड की शुरुआत बेहद खराब रही और टीम जल्दी ही 45/3 के स्कोर पर लड़खड़ा गई। ऐसे मुश्किल हालात में बेन स्टोक्स ने मोर्चा संभाला और धैर्य के साथ पारी को आगे बढ़ाया।
उन्होंने जोखिम भरे शॉट्स से बचते हुए स्ट्राइक रोटेट की और खराब गेंदों पर रन बटोरते रहे। स्टोक्स ने नाबाद 52 रन की अहम पारी खेली और इंग्लैंड को लक्ष्य तक पहुंचाया। उनकी इस संयमित और समझदारी भरी पारी ने इंग्लैंड को दूसरी बार T20 वर्ल्ड कप चैंपियन बनाया और 2016 फाइनल की कड़वी यादों को भी पीछे छोड़ दिया।
8. विराट कोहली – यादगार विदाई पारी (2024)
2024 के T20 वर्ल्ड कप फाइनल में विराट कोहली ने दबाव के बीच एक बेहतरीन और यादगार पारी खेली। टीम इंडिया की शुरुआत खराब रही और स्कोर 34/3 हो चुका था, लेकिन कोहली ने संयम और अनुभव का शानदार प्रदर्शन किया। उन्होंने हालात को समझते हुए स्ट्राइक रोटेट की और सही समय पर बड़े शॉट लगाए।
कोहली ने 76 रन की अहम पारी खेलकर भारत को 176 के मजबूत स्कोर तक पहुंचाया। दक्षिण अफ्रीका लक्ष्य के करीब पहुंची, लेकिन 7 रन से पीछे रह गई। यह विराट कोहली का आखिरी T20 अंतरराष्ट्रीय मैच था, जिसे उन्होंने प्लेयर ऑफ द मैच बनकर हमेशा के लिए खास बना दिया।









