
जिम्बाब्वे के कप्तान सिकंदर रजा ने भारतीय क्रिकेट एडमिनिस्ट्रेटर्स और फैंस से अपील की है कि वे 15 साल के प्रतिभाशाली खिलाड़ी वैभव सूर्यवंशी के मामले में धैर्य रखें। उन्होंने वैभव को “जेनरेशनल टैलेंट” बताया है और कहा है कि शुरुआती आलोचना के बजाय उन्हें सही देख-रेख और मैनेजमेंट की जरूरत है।
सूर्यवंशी ने आईपीएल 2026 में शानदार प्रदर्शन करते हुए 16 पारियों में 237.30 के जबरदस्त स्ट्राइक रेट से कुल 776 रन बनाए थे। उनके इस प्रदर्शन के लिए उन्हें तीन बड़े अवॉर्ड मिले: ऑरेंज कैप, एमवीपी सम्मान और इमर्जिंग प्लेयर का पुरस्कार। उन्होंने एक ही आईपीएल सीजन में 72 छक्के लगाकर क्रिस गेल का रिकॉर्ड भी तोड़ दिया। फरवरी में हुए अंडर-19 वर्ल्ड कप फाइनल में, सूर्यवंशी ने इंग्लैंड के खिलाफ सिर्फ 80 गेंदों पर 175 रनों की यादगार पारी खेली, जिसमें 15 चौके और 15 छक्के शामिल थे, और भारत को खिताब जिताने में मदद की थी।
वैभव बहुत ही टैलेंटेड क्रिकेटर हैं: रजा
रजा ने जिओहॉटस्टार पर कहा, “वैभव बहुत ही टैलेंटेड क्रिकेटर हैं। अगर कोई 15 साल का बच्चा इंटरनेशनल क्रिकेट खेल रहा है, तो सिर्फ दो-तीन मैचों के बाद उसकी आलोचना करना सही नहीं है। मुझे लगता है कि वैभव के आस-पास कई बेहतरीन सीनियर क्रिकेटर हैं। अगर उन्हें सही ढंग से गाइड और हैंडल किया जाए, तो मुझे लगता है कि वैभव एक जेनरेशनल टैलेंट साबित हो सकते हैं।”
रजा ने आगे कहा, “पिछले एक साल में उन्होंने जो किया है, भारत अंडर-19 के लिए जो किया है, और जिस उम्र में उन्होंने इंटरनेशनल डेब्यू किया, उसे देखते हुए ये कोई मामूली उपलब्धियां नहीं हैं। आजकल ऐसी कहानियां सुनने को नहीं मिलतीं। वैभव खास हैं। उन्हें कैसे मैनेज और हैंडल किया जाता है, यह अहम होगा।”
जिम्बाब्वे के खिलाफ पहला टी20आई मैच गुरुवार, 23 जुलाई को हरारे स्पोर्ट्स क्लब में खेला जाना है। ऐसे में टीम मैनेजमेंट के पास तीन मैचों की सीरीज से पहले युवा बल्लेबाज को वापस फॉर्म में लाने का मौका होगा।









