जिम्बाब्वे के तेज गेंदबाज ब्लेसिंग मुज़ारबानी को आईपीएल 2026 में खेलने का फैसला महंगा पड़ गया। पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (PCB) ने उन्हें पाकिस्तान सुपर लीग (PSL) से दो साल के लिए बैन कर दिया है। मुजाराबानी ने पहले इस्लामाबाद यूनाइटेड के साथ करार किया था, लेकिन बाद में कोलकाता नाइट राइडर्स से ऑफर मिलने के बाद उन्होंने PSL छोड़कर आईपीएल जॉइन कर लिया।
आईपीएल ऑक्शन में अनसोल्ड रहने के बाद मुजाराबानी ने PSL का रुख किया था। लेकिन जब मुस्तफ़िज़ुर रहमान को BCCI के नियमों के चलते कोलकाता नाइट राइडर्स ने रिलीज किया, तब फ्रेंचाइजी ने मुजाराबानी से संपर्क किया। इसके बाद उन्होंने तुरंत IPL कॉन्ट्रैक्ट साइन कर लिया। इस कदम को PCB ने अनुबंध का उल्लंघन माना।
PCB का सख्त रुख, दो साल का प्रतिबंध
PCB ने आधिकारिक बयान जारी कर कहा कि किसी खिलाड़ी का पहले से किए गए करार के बावजूद दूसरी लीग में शामिल होना पेशेवर नियमों के खिलाफ है। बोर्ड ने साफ किया कि ऐसे मामलों को नजरअंदाज करने से लीग की विश्वसनीयता प्रभावित होती है।
इसी वजह से मुजाराबानी पर दो साल का प्रतिबंध लगाया गया, जो पिछले मामलों की तुलना में ज्यादा सख्त है। इससे पहले कॉर्बिन बॉश को इसी तरह के मामले में एक साल का बैन मिला था।
इस विवाद के बाद अन्य खिलाड़ियों पर भी खतरा मंडरा रहा है। स्पेंसर जॉनसन और दासुन शनाका ने भी PSL छोड़कर IPL खेलने का फैसला किया है। हालांकि, अभी तक उनके खिलाफ कोई आधिकारिक कार्रवाई नहीं हुई है, लेकिन PCB उनके मामलों की समीक्षा कर सकता है।
आईपीएल में मुजाराबानी ने अपने प्रदर्शन से प्रभाव छोड़ा है। सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ अपने दूसरे ही मैच में उन्होंने 41 रन देकर चार विकेट झटके। हालांकि, इसके बाद उन्हें लगातार मौके नहीं मिले। पंजाब किंग्स के खिलाफ मैच बारिश की वजह से प्रभावित रहा, जबकि लखनऊ सुपर जायंट्स के खिलाफ उन्हें टीम से बाहर कर दिया गया।
KKR फिलहाल अपनी बल्लेबाजी को मजबूत करने पर ध्यान दे रही है, जिसके चलते विदेशी तेज गेंदबाज के लिए प्लेइंग इलेवन में जगह बनाना मुश्किल हो गया है। ऐसे में मुजाराबानी का IPL सफर अभी उतार-चढ़ाव भरा नजर आ रहा है।








