ऑस्ट्रेलिया महिला क्रिकेट टीम की अनुभवी तेज गेंदबाज मेगन शूट (Megan Schutt) ने अपने अंतरराष्ट्रीय करियर को लेकर बड़ा फैसला लिया है। 33 वर्षीय शूट ने घोषणा की है कि इंग्लैंड और वेल्स में होने वाला 2026 महिला टी20 वर्ल्ड कप उनका आखिरी ICC टूर्नामेंट होगा। लंबे समय से ऑस्ट्रेलियाई टीम की सफलता का अहम हिस्सा रहीं शूट, अब नई पीढ़ी को मौका देने के लिए धीरे-धीरे पीछे हटना चाहती हैं।
ऑस्ट्रेलिया की सफलता में निभाई बड़ी भूमिका
मेगन शूट ने साल 2012 में ऑस्ट्रेलिया के लिए डेब्यू किया था और तब से वह टीम की सबसे भरोसेमंद गेंदबाजों में शामिल रही हैं। अपने शानदार करियर में उन्होंने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 300 से ज्यादा विकेट हासिल किए हैं। खासतौर पर नई गेंद से उनकी खतरनाक इन-स्विंग गेंदबाजी ने कई बल्लेबाजों को परेशान किया है।
महिला टी20 वर्ल्ड कप के इतिहास में सबसे ज्यादा विकेट लेने का रिकॉर्ड भी उनके नाम है। उन्होंने इस टूर्नामेंट में 29 मुकाबलों में 48 विकेट चटकाए हैं और उनका इकॉनमी रेट सिर्फ 5.65 का रहा है। यही वजह है कि उन्हें महिला क्रिकेट की सबसे सफल तेज गेंदबाजों में गिना जाता है।
लगातार दो बड़े टूर्नामेंट में मिली हार से निराश
शूट ने कहा कि पिछले दो ICC टूर्नामेंट्स में मिली हार ने उन्हें काफी निराश किया। ऑस्ट्रेलिया को 2024 महिला टी20 वर्ल्ड कप के सेमीफाइनल में दक्षिण अफ्रीका से हार मिली थी, जबकि 2025 महिला वनडे वर्ल्ड कप में टीम को भारत ने बाहर कर दिया था।
उन्होंने कहा कि इतने सालों तक लगातार जीतने के बाद ऐसी हार ज्यादा तकलीफ देती है। हालांकि, उन्होंने यह भी माना कि वह खुद को भाग्यशाली मानती हैं कि उन्हें इतने लंबे समय तक विश्व क्रिकेट में सफलता मिली। अब वह चाहती हैं कि नई पीढ़ी उसी विरासत को आगे बढ़ाए।
मेगन शूट का मानना है कि लगातार ICC टूर्नामेंट होने की वजह से किसी समय खिलाड़ी को अपने भविष्य पर फैसला लेना ही पड़ता है। उन्होंने साफ कहा कि वह टीम पर बोझ बनकर लंबे समय तक नहीं खेलना चाहतीं।
खैर, ऑस्ट्रेलिया महिला टीम अपने टी20 वर्ल्ड कप अभियान की शुरुआत 13 जून को दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ ओल्ड ट्रैफर्ड में करेगी।









